भारत की सबसे बड़ी आईटी कंपनी, टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज़ (TCS), ने वित्तीय वर्ष 2025-26 की दूसरी तिमाही (Q2FY26) में ₹1,135 करोड़ का एकमुश्त पुनर्गठन खर्च दर्ज किया है। यह खर्च कर्मचारियों की छंटनी और संगठनात्मक पुनर्गठन के तहत किया गया है।
वित्तीय प्रदर्शन
- कुल राजस्व: ₹65,799 करोड़, जो पिछली तिमाही की तुलना में 3.7% अधिक है।
- संचालन लाभ मार्जिन: 25.2%।
- कुल शुद्ध लाभ: ₹12,075 करोड़, जो पिछले वर्ष की समान तिमाही से 1.4% अधिक है।
- एकमुश्त पुनर्गठन खर्च: ₹1,135 करोड़, जो शुद्ध लाभ में कमी का मुख्य कारण रहा।
छंटनी और पुनर्गठन
टीसीएस ने जुलाई 2025 में घोषणा की थी कि वह वित्तीय वर्ष 2025-26 में अपने कार्यबल का 2% (लगभग 12,000 कर्मचारियों) की छंटनी करेगा। यह छंटनी मुख्य रूप से मध्य और वरिष्ठ स्तर के कर्मचारियों पर केंद्रित है। कंपनी ने प्रभावित कर्मचारियों को उचित सेवानिवृत्ति लाभ प्रदान किए हैं।
लाभांश और निवेश योजनाएँ
टीसीएस ने दूसरी तिमाही के लिए ₹11 प्रति शेयर का अंतरिम लाभांश घोषित किया है। लाभांश के लिए रिकॉर्ड तिथि 15 अक्टूबर 2025 निर्धारित की गई है, और भुगतान 4 नवंबर 2025 को किया जाएगा।
कंपनी ने एक गीगावाट क्षमता वाला ए.आई. डेटा सेंटर स्थापित करने की योजना भी घोषित की है। इसके साथ ही, उसने अमेरिकी कंपनी ListEngage का अधिग्रहण करने की घोषणा की है, जो Salesforce प्लेटफ़ॉर्म पर डिजिटल मार्केटिंग सेवाएँ प्रदान करती है।
टीसीएस के CEO, श्री के. कृष्णिवासन ने कहा, “हमारी यात्रा प्रतिभा, अवसंरचना, पारिस्थितिकी तंत्र साझेदारी और ग्राहक मूल्य में साहसिक परिवर्तन पर आधारित है।”
कंपनी ने अपने कर्मचारियों की समर्पण और उत्कृष्टता के लिए आभार व्यक्त किया है और भविष्य में ए.आई.-नेतृत्व वाले प्रौद्योगिकी सेवाओं की दिशा में और निवेश करने का संकल्प लिया है।

